🕉🙏 ओउम् नमस्ते जी 🕉🙏
🕉🙏 आपका दिन शुभ हो 🕉🙏
दिनांक – 18 दिसम्बर 2016
दिन – रविवार
तिथि – पंचमी
नक्षत्र– आश्लेषा
पक्ष– कृष्ण
माह – पौष
ऋतु – हेमन्त
सूर्य – दक्षिणायन
सृष्टि संवत् – 1, 96, 08, 53, 117
कलयुगाब्द – 5118
विक्रम संवत् – 2073
शक संवत् – 1939
दयानंदाब्द – 193
🌷 जो धर्म को त्यागता है , धर्म उसे त्याग देता है ।
🌷 जो समय नष्ट करता है , समय उसे नष्ट कर देता है ।
🌷 जो धर्म का पालन करता है , धर्म उसका पालन करता है ।
🌷 जो ईशवर के आश्रित होकर अपने कर्तव्य का पालन करता है , ईशवर उसका पालन करता है ।
🌷 जो अपनी आत्मा जैसी दुसरे की आत्मा को समझता है , वह किसी से बैरभाव नही रख सकता ।
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🌷 यथोद्वरति निर्दाता कक्षं धान्यं च रक्षति ।
तथा रक्षेन्नृपो राष्ट्रं हन्याच्च परिपन्थिन : ।। ( मनु स्मृति )
🌷 अर्थ :- जैसे धान से चावल निकालने वाला छिलके को अलग कर चावलों की रक्षा करता है ।चावलों को टूटने नही देता । वैसे ही राजा रिश्वतखोरों , अन्यायकारियों , चोर बाजारी करने वालों , डाकुओं , चोरों और बलात्कारियों को मारे और बाकी प्रजा की रक्षा करें ।
🌷🍃🌷🍃 ओउम् 🌷🍃🌷🍃 सुदिनम 🌷🍃🌷🍃 सुप्रभातम
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