Friday, August 19, 2016

*😃आज का विचार😄* 😀मेरा विरोध करना आसान है,पर मेरा विरोधी बनना संभव नहीं। 😃 जब जब भी मैं बिखरा हूँ...

*😃आज का विचार😄*

😀मेरा विरोध करना आसान है,पर मेरा विरोधी बनना संभव नहीं।
😃 जब जब भी मैं बिखरा हूँ दुगनी रफ़्तार से निखरा हूँ।
😄 कई जीत बाकी है कई हार बाकी है,अभी तो जिंदिगी का सार बाकी है।
😜 यहाँ से चले है नयी मंजिल के लिए ये तो एक पन्ना था अभी तो पूरी किताब बाकी है।

*😀एक दृढ़निश्चयी वयक्तित्व😃*


from Tumblr http://ift.tt/2bueEx8
via IFTTT

No comments:

Post a Comment